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मरे दिलों में जज़्बातों की तलाश-हिन्दी शायरी

अपनी आँखों से जो देखा है वह सच किसी को न बताना, अपने कानों से जो सुना नहीं वह स्वर किसी को समझाना, अपने दिमाग में भले ही पालो सपने वह किसी के सामने न सजाना। कहें दीपक बापू जमाने के लोग अपने जिस्म का बोझ उठाने से लाचार है, खरीदने वहाँ खड़े जाते, जहां [...]

अन्ना हजारे (अण्णा हज़ारे) के भ्रष्टाचार विरोधी आंदोलन का तीसरा दौर-हिन्दी आलेख

            अन्ना हजारे साहब फिर भ्रष्टाचार के विरुद्ध अपने आंदोलन की तीसरा चरण शुरु करने वाले हैं। वह एक दिन के लिये अनशन पर बैठेंगे और इस बार भ्रष्टाचार के विरुद्ध शहीद होने वाले लोगों के परिवार जन भी उनके साथ होंगे। ऐसे में देश के लोगों की हार्दिक संवेदनाऐं उनके साथ स्वाभाविक रूप से [...]

सच का इतिहास-हिन्दी कविता

उदासीन नहीं हैं, बड़ों बड़ों के बीच लगी है ऊंचे ऊंचे बयानों की ज़ंग हम नहीं लड़ेंगे क्योंकि किसी पद पर आसीन नहीं हैं। कहें दीपक बापू बरसों से अखबार पढ़ा है, नहीं चाहिए किसी से अपने चेतन होने का प्रमाणपत्र हमारी सोच में तुमसे अधिक सच का इतिहास जड़ा है। कवि, लेखक एवं संपादक-दीपक [...]

फेसबुक पर बधाईयां पढ़कर अपने जन्मदिन की याद आई-हिन्दी

            आज फेसबुक देखा तो पता लगा की हमारे लिए खास दिन है। सामाजिक संपर्क बनाने मे इंटरनेट का जो योगदान है वह अब समझ में आ रहा है। बहरहाल अहो, आज 10 मार्च की तारीख पर हमारा जन्मदिन है। सच बात तो यह है कि अंतर्जाल पर ब्लॉग, फेसबुक और ट्विटर वगैरह पर हमने [...]

ख्यालों का दरिया-हिन्दी कविता

खत अब हम कहाँ लिखते हैं, जज़्बातों को फोन पर बस यूं ही फेंकते दिखते हैं। कहें दीपक बापू बोलने में बह गया ख्यालों का दरिया खाली खोपड़ी में लफ्जों का पड़ गया है अकाल आवाज़ों में टूटे बोल जोड़ते दिखते हैं। —————- इस जहां में लोगों से क्या बात करें पहले अपनी रूह की [...]

नई साज सज्जा के साथ भ्रष्टाचार विरोधी आंदोलन के दृश्य पटल पर लाने के तैयारी-हिन्दी लेख

            टीवी या अखबार पर कोई समाचार देखकर ब्लॉग पर लिखना अपने आप मे एक अजीब परेशानी के साथ ही आश्चर्य भी पैदा करता है। हमने अन्ना हजारे के आंदोलन पर कल एक लेख लिखा था कि प्रचार माध्यमों ने उसे रेल की तरह यार्ड में खड़ा कर दिया है क्योंकि इस समय उत्तरप्रदेश में [...]

ज़िदगी का कारवां और नए पड़ाव-हिन्दी कविता

ज़िंदगी का कारवां बस यूं ही बढ़ता जाएगा, रास्ते में आएंगे नए पड़ाव साथी और हमसफरों के चेहरे भी बदलते रहेंगे कोई पीछे छूटेगा कोई आगे निकाल जाएगा। कहें दीपक बापू महफिलों में मिलने वाले लोग भले ही ताउम्र साथ चलने का वादा करें मगर रात बीतते बीतते उनके दावों का असर भी खत्म हो [...]

रामायण,महाभारत और श्रीमदभागवत की कथाओं की आज भी प्रासंगिकता-हिन्दी लेख

                उस दिन एक निजी कार्यालय में जाने का अवसर मिला। वहां कुछ युवक कंप्यूटर पर कार्यरत थे। उनमें एक लड़का शायद अपने कंप्यूटर पर रामायण से संबंधित कोई प्रस्तुति देख रहा था। हमने यह अनुमान कंप्यूटर से आ रही आवाजों से किया। उसके पीछे एक दूसरा लड़का भी खड़ा था। अचानक थोड़ी दूर कुर्सी [...]

टेस्ट क्रिकेट मैच के लिए चाहिए पाँच गुना शक्ति बढ़ाने वाला च्यवनप्राश-हिन्दी व्यंग्य

           च्यवनप्राश में तीन गुना शक्ति होती है-ऐसा कहना है बीसीसीआई क्रिकेट टीम के कप्तान का! अब इस तीन गुना शक्ति का पैमाना नापा जाये तो उसके सेवन से तीन दिन तक ही क्रिकेट खेलने लायक ही हो सकती है। गनीमत है कप्तान ने च्यवनप्राश के विज्ञापन में यह नहीं कहा कि इस च्यवनप्राश के [...]

सांस मुर्दा है-हिन्दी हाइकु (sans murda hai-haiku)

सुंदरता की पहचान किसे है सभी भ्रमित, दरियादिली किसे कैसे दिखाएँ सभी याचक, वफा का गुण कौन पहचानेगा सभी गद्दार, खाक जहाँ में फूलों की कद्र कहाँ सांस मुर्दा है, बेहतर है अपनी नज़रों से देखते रहें, खुद की कब्र खोदते हुए लोग तंगदिली में, भरोसा तोड़ा जिन्होने खुद से ढूंढते वफा, उन चीजों में [...]

अर्थशास्त्री जब श्रीमद्भागवत गीता पर बोले-हिन्दी व्यंग्य चित्तन (arthshastri jab shrimadhbhagwat gita par bole-hindi vyangya chittan)

                कथित रूप से एक अर्थशास्त्री और लंदर स्कूल ऑफ इकॉनामिक्स के एक भारतीय प्रोफेसर का मानना है कि गीता का उदाहरण पेश कर अहिंसा की बात नहीं की जा सकती है। उनका यह भी है कि गीता का अंतिम अर्थ यही निकलता है कि हर आदमी एक दूसरे को मारने के लिये निकल पड़े। [...]

धोखा और वफा भी-हिन्दी शायरी

रिश्ते जो दूर हो गये यादों में धुंधले हो जाते हैं, उनके साथ गुजरे पल याद्दाश्त से होते हैं बाहर मतलब है जिनसे वही यार ताजगी भर पाते हैं, कहें दीपक बापू इस दुनियां में धोखा भी वफा भी मिल जाती है मगर लोगों के नजरिये अलग अलग जिसकी नजर जैसी वैसी ही तस्वीर वह [...]

गर्मी सर्दी और बरसात से शरीर का मुकाबला-हिन्दी लेख (garmi sardi aur barsat se sharir ka mukabla-hindi lekh or article)

             ठंड बढ़ रही है, और ऐसा लगता है उन इलाकों से गुजरने पर भी आसपास बर्फ जमे होने का अहसास होता है जो भीषण गर्मी की वजह से जाने जाते हैं। हम भारतीय लोग ठंड, बरसात और गर्मी का सामना करने के आदी माने जाते हैं पर लगता है आधुनिक जीवन शैली ने भारतीय [...]

इस ब्लाग ने पार की तीन लाख पाठक/पाठक संख्या-हिन्दी संपादकीय

            दीपक भारतदीप समूह के दीपक बापू कहिन ब्लॉग/पत्रिका ने तीन लाख की पाठक/पाठ पठन संख्या पार कर ली है। यह कोई बहुत बड़ी उपलब्धि नहीं है पर जब देश में भाषा का तोतलीकरण-अंग्रेजी शब्दों की मिलावट-हो रहा हो और आधुनिक शिक्षा से ओतप्रोत नयी पीढ़ी सहज हिन्दी को बोध से विरक्त हो रही हो [...]

अन्ना हजारे (अण्णा हज़ारे) के अनुसार युवक की नयी परिभाषा-हिन्दी लेख (according anna hazare who is yungmen-hindi lekh or article)

         अन्ना हजारे अत्यंत दिलचस्प आदमी हैं। सच कहें तो हमने गांधी को नहीं देखा न सुना पर जितना पढ़ा है उसके आधार पर यह कह सकते हैं कि अन्ना की उनसे तुलना करने का अब मतलब नहीं रहा। अन्ना हजारे तो अन्ना हजारे हैं और इतिहास भारत में आजादी के बाद के महान पुरुष [...]

गुरु चेला का महंगाई और भ्रष्टाचार पर संवाद-हिन्दी हास्य कविता (hindi comic poem on bhrashatachar and mahangai)

गुरुजी ने छेड़ा जैसे ही महंगाई और भ्रष्टाचार विरोधी अभियान चेले का दिल घबड़ाया, वह दौड़ा आश्रम में आया, और बोला ‘‘महाराज, आप यह क्या करते हो, जिनकी हमारे आश्रम पर पर कृपा है ऐसे ढेर सारे समाज सेवक बड़े पदों पर शोभायमान पाये जाते हैं, कहीं सौदे में लेते कमीशन कहीं कमीशन देकर सौदे [...]

क्रिकेट मैच में महाशतक गिनती का कौनसा आंकड़ा है-हिन्दी व्यंग्य रचना (cricket match aur great century or mahashatak-hindi vyangya

          कल 26 नवंबर है और मुंबई पर दो वर्ष पूर्व हमले की याद या शोक में अनेक शहरों में मोमबत्तियां जलाकर मृतकों के प्रति सहानुभूति की रस्म अदा की जायेगी। अपना अपना तरीका है और उस पर टिप्पणियां करना ठीक नहीं लगता। अमेरिका के न्यूयार्क शहर के विश्व व्यापार केंद्र की इमारतें ढहने के [...]

क्रिकेट, भ्रष्टाचार विरोधी आंदोलन और फिक्सिंग-हिन्दी व्यंग्य (fising in cricket and anti corrupiton movement-hindi satire article

       अन्ना हजारे ने कथित भ्रष्टाचार विरोधी आंदोलन के चलते जो प्रतिष्ठा अर्जित की उसे बाज़ार और उसका प्रचार माध्यम भुनाने में लगा है। जनमानस में उनकी लोकप्रियता का दोहन करने के लिये पहले तो फटाखे तथा अन्य सामान अन्ना छाप बने तो लंबी चौड़ी बहसों में टीवी चैनलों का विज्ञापन समय भी पास हो [...]

अन्ना हज़ारे कोर टीम के अरविंद कीजरीवाल के मीडिया को सीख-हिंदी व्यंग्य चिंत्तन (anna hazare core team ke arvind kejariwal aur media-hindi vyangya chittan)

             अन्ना हजारे की कथित कोर टीम की सक्रियता अब हास्य व्यंग्य का विषय बन रही है। अरविंद केजरीवाल एक तरह से इस तरह व्यवहार कर रहे हैं कि जैसे कि वह स्वयं कोई प्रधानमंत्री हों और अन्ना हजारे राष्ट्रपति जो उनकी सलाह के अनुरूप काम कर रहे हैं। दरअसल अब अन्ना हजारे के भ्रष्टाचार [...]

पतंजलि योग दर्शन-ध्यान से दिव्य दृष्टि मिलती है (dhyan se divya drishti miltee hai-patanjali yoga sootra

         जब हम भारतीय योग दर्शन की बात करते हैं तो उसे सीधा पतंजलि योग सूत्र से जोड़ दिया जाता है। जब हम देश के विभिन्न योगाचार्यों की शिक्षा को देखते हैं तो उसका जो स्वरूप पतंजलि योग सूत्र  से मेल नहीं खाता।  पतंजलि योग में आसनों का अधिक रूप प्रतिपादित नहीं किया गया है। [...]

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